Benefits of Mangal Yantra - मंगल यंत्र के फायदे
जिन व्यक्तियों को रक्त प्रदर, रक्त दोष, किसी भी प्रकार का बुखार, खुजली, बार-बार जख्म होना, महिलाओं को मासिक धर्म संबंधी समस्या, स्नायु की बीमारी, अल्सर (Ulcer) आदि रोग होने पर यह यंत्र धारण करना चाहिए। उपरोक्त सभी समस्याओं से छुटकारा मिलेगा।
मंगल को हमारे ज्योतिष शास्त्र में भूमि पुत्र के नाम से जाना जाता है। यदि मंगल लग्न, चतुर्थ, सप्तम, अष्टम एवं द्वादश भाव में स्थित होता है तो वह कुंडली 'मंगली' मानी जाती है। मंगल वैवाहिक जीवन में भी व्यवधान उत्पन्न करता है। यदि मंगल खराब स्थिति में हो तो वैवाहिक जीवन को तबाह कर देता है।
मंगल के प्रभाव (Mangal Yantra Effects)
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सूर्य को यदि ग्रहों का राजा कहा गया है तो मंगल को सेनापति की उपाधि प्राप्त है। सेनापति होने के कारण शक्ति, अधिकार, मर्दानगी, वासना आदि बातों पर मंगल का अधिकार होता है।
मंगल और शरीर के हिस्से
ज्योतिष में मंगल को शक्ति का कारक होने के कारण सभी स्नायु, चेहरा, सिर, मूत्राशय, गर्भाशय, गुदाद्वार, लिंग के बाहरी हिस्से पर, साथ ही जिह्वा के जिस भाग से तीखेपन का स्वाद आता है वह हिस्सा, और प्रोस्टेट ग्रंथि पर मंगल का अधिकार होता है।
मंगल और उसके गुण (Mangal Yantra Qualities)
सेनापति होने के कारण अधिकार वृत्ति, प्रभुता, धैर्य से जंग जीतने के गुण, शीघ्र क्रोध करने वाला होने के कारण उतावला, दहशत जमाने वाला, यौनसुख के लिए गलत एवं अमानवीय तरीके अपनाना आदि गुण शामिल हैं।
मंगल से होने वाले रोग
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार मंगल को अग्नि तत्व का माना गया है, इसलिए गर्मी के कारण उत्पन्न होने वाली बीमारियां, हर तरह के बुखार, फोड़ा, खुजली की बीमारी, मुहांसे, दिमागी बीमारियां जैसे पागलपन, सिर में खून का बहाव, गुप्त रोग, भगंदर, पाइल्स, यौन रोग, महिलाओं में रक्त प्रदर, हर्निया, पोलियो, लकवा, एसिडिटी, अल्सर आदि बीमारियां उत्पन्न होती हैं।
मंगल यंत्र किसे धारण करना चाहिए? (Who Should Wear Mangal Yantra)
मेष एवं वृश्चिक राशि वालों को, मेष तथा वृश्चिक लग्न वालों को, तथा जिनकी मंगल की महादशा या अंतर्दशा चल रही हो, उनको यह यंत्र अवश्य धारण करना चाहिए।
Construction of Mangal Yantra - मंगल यंत्र का निर्माण
मंगलवार के दिन मंगल की होरा में रक्त चंदन, गौलोचन, केसर तथा खादिर मूल की स्याही से तांबे की कलम से भोजपत्र पर निर्माण किया जाता है। तत्पश्चात प्राण-प्रतिष्ठा कर मंगल यंत्र का विधिवत पूजन करने के बाद तांत्रिक मंत्र का जाप और विशेष हवन किया जाता है।
यंत्र मंगाने की विधि (Mangal Yantra Locket Order)
जिस व्यक्ति के लिए यंत्र धारण करना है, उस व्यक्ति का नाम, पिता या पति का नाम तथा गोत्र हमारे व्हाट्सएप नंबर +91 7470934089 पर भेजें। यंत्र निर्माण के बाद आपके दिए गए पते पर पोस्ट ऑफिस द्वारा सुरक्षित भेज दिया जाएगा।
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