केमद्रुम दोष और जीवन: कारण, प्रभाव और समाधान
kemdrum dosh: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार केमद्रुम दोष बहुत ही हानिकारक माना जाता है। जिन व्यक्तियों की कुंडली में केमद्रुम दोष होता है, ऐसे व्यक्ति चाहकर भी सुखी एवं सफल नहीं हो पाते। चंद्रमा मन और धन का कारक है, इसलिए जब चंद्रमा अकेला और असहाय स्थिति में होता है, तो व्यक्ति का संपूर्ण जीवन संघर्षमय हो जाता है।
केमद्रुम दोष के लक्षण (केमद्रुम योग के प्रकार)
केमद्रुम योग दो प्रकार का होता है:
- साधारण केमद्रुम योग: व्यक्ति की कुंडली में चंद्रमा अकेला हो और उसके आगे-पीछे (द्वितीय और द्वादश) के भाव में कोई भी ग्रह न हों तो साधारण केमद्रुम योग बनता है।
- प्रबल अनिष्टकारी Kemdrum Dosh: यदि उपर्युक्त स्थिति में चंद्रमा निर्बल हो, नीच राशिगत हो, पापी ग्रहों से देखा जाता हो और किसी शुभ ग्रह की दृष्टि न पड़ती हो, तो यह अत्यंत प्रबल अनिष्टकारी केमद्रुम दोष का निर्माण करता है।
केमद्रुम दोष के प्रभाव
- दरिद्रता: व्यक्ति के जीवन से दरिद्रता पीछा नहीं छोड़ती और आर्थिक तंगी बनी रहती है।
- संतान एवं पारिवारिक सुख की कमी: व्यक्ति को संतान सुख तथा पारिवारिक सुख प्राप्त करने में अत्यंत बाधाओं का सामना करना पड़ता है।
- घोर विपरीत परिस्थितियां: कभी-कभी इतनी विपरीत स्थिति आ जाती है कि व्यक्ति को भोजन तक नसीब होना कठिन हो जाता है।
केमद्रुम भंग योग
यदि कुंडली में लग्न से केंद्र में चंद्रमा हो, चंद्रमा शुभ स्थान में हो, पूर्ण चंद्रमा लग्न में हो, दशवें भाव में उच्च का हो या सुनफा, अनफा, दुरुधरा योग आदि बन रहे हों तो केमद्रुम योग भंग माना जाता है, जो विशेष अशुभ नहीं माना जाता।
केमद्रुम दोष पूजा एवं समाधान
केमद्रुम दोष की पूजा में चंद्रमा के मंत्रों का जप करके उसे बलवान बनाया जाता है तथा अशुभ ग्रहों का जप कर उनके दोषों व दुष्प्रभावों को शांत किया जाता है। जिससे जातक को मानसिक शांति और आर्थिक स्थिरता प्राप्त होती है।
आपके द्वारा प्राप्त जानकारी
जिस व्यक्ति के नाम से अनुष्ठान होना हो, उन्हें निम्नलिखित विवरण प्रदान करना होगा:
- यजमान का नाम
- पिता या पति का नाम
- गोत्र एवं स्थान
- पोस्टल एड्रेस (नीचे दिए गए WhatsApp नंबर पर भेजें ताकि अनुष्ठान के बाद सिद्ध यंत्र आपके पास भेजा जा सके)
कैसे कराएँ यह पूजन?
आप राजगुरु ज्योतिष अनुसंधान केंद्र में फोन +91 7470934089 पर कॉल करके या WhatsApp नंबर 7470934089 पर संपर्क कर पूजन करवाने के लिए समय ले सकते हैं। यह पूजन शुभ मुहूर्त देखकर ही आरम्भ की जाएगी, जिसके फलस्वरूप आपको इसका पूरा लाभ प्राप्त हो सके।