एकादश भाव में चन्द्रमा का फल (Moon in 11th House)
ग्यारहवें भाव (एकादश भाव) में अपने शत्रु शनि की राशि पर स्थित चंद्रमा के प्रभाव से जातक दृढसंकल्पित होते हैं अर्थात मजबूत इरादे के होते हैं। और अपने मनोबल के प्रभाव से अपनी आय के साधनों को बढ़ाता है। हालाँकि ऐसे व्यक्तियों के पास धन मध्यम गति से आता है, परन्तु जो भी आता है वह स्थाई रहता है।
ऐसे जातक अपना जीवन सुख पूर्ण व्यतीत करते हैं। जबकि इन्हें आय के साधनों में कुछ कठिनाइयां आती रहती हैं। फिर भी इनका मनोबल इनका धैर्य नहीं टूटने देता।
सातवीं दृष्टि से चंद्रमा अपने मित्र की राशि वाले पंचम भाव को देखता है। अतः ऐसे जातक विद्वान और बुद्धिमान होते हैं। तथा ऐसे जातक संतान पक्ष से धनि होते हैं अर्थात इनकी संतान आज्ञाकारी और संस्कारवान होती है।
इस प्रकार की ग्रह स्थिति वाले व्यक्ति विद्या, बुद्धि के द्वारा अपनी उन्नति करता है। और अपना जीवन सुखपूर्ण व्यतीत करते हैं।
एकादश भाव में चन्द्रमा के उपाय (Moon in 11th House Remedies)
- ऐसे व्यक्तियों को भैरव मंदिर में प्रति शनिवार को दर्शन करने जाना चाहिए। श्रद्धा अनुसार दूध से बने पकवान भैरव बाबा को समर्पित कर बड़ी श्रद्धा के साथ दान करना चाहिए।
- रविवार को सूर्य के रहते खोवा द्वारा निर्मित पकवानों को मछलियों को खिलाना चाहिए।
- पोते-पोतियों का सुख प्राप्त करने के लिए महामृतुन्जय अनुष्ठान या मृतसंजीविनी मन्त्र का अनुष्ठान कराना चाहिए।
- प्रथम आपको दूध नहीं पीना चाहिये और यदि दूध पीना ही हो तो पीतल के वर्तन का उपयोग करें।
- ऐसे जातकों को शिवजी की पूजा अवश्य करनी चाहिए। विशेषकर शिवजी के समक्ष बैठकर ही रामायण का पाठ करना चाहिए।
- हनुमान मंदिर में सीताराम का जाप आपके लिए श्रेष्ठ रहेगा। तथा गुड चने का भोग लगाकर बालकों को बांटना चाहिए।


